नाजियों की जीत का कारण हिंसा, हिटलर का करिश्मा नहीं:जर्मनी के दो प्रांत्रों में नाजी समर्थक पार्टी की जीत से छिड़ी नई बहस
जर्मनी के दो प्रांतों में धुर-दक्षिणपंथी पार्टी के सत्ता में आने के बाद यूरोप में जर्मन तानाशाह एडॉल्फ हिटलर (1933-1945 तक सत्ता में था) पर नई बहस छिड़ गई है। आम धारणा है कि हिटलर गजब का करिश्माई नेता था। उसका प्रचार मंत्री जोसेफ गोएबल्स का प्रोपेगैंडा बेजोड़ था और जर्मनी की आर्थिक मंदी ने नाजियों की राह आसान की।
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